कटे हुए प्याज का अगले दिन इस्तेमाल आपकी जान भी ले सकता हैं, आज ही बताए घर की औरतों को!!

कई भारतीय घरो में गृहिणियां अपना समय बचाने के लिए क्या क्या तरीके नहीं अपनाती। जी हां कुछ गृहिणियां तो अगले दिन के खाने की तैयारी भी पहले ही शुरू कर देती है। यानि कि एक दिन पहले सब्जी काटना और सब्जी में प्रयोग होने वाला सामान जैसे प्यार और टमाटर काट कर रख देना आदि सब करके वो अपना अगले दिन का समय जरूर बचा लेती है। पर क्या आप जानते है कि एक दिन पहले कटे हुए प्याज को अगले दिन सब्जी में इस्तेमाल करना कितना खतरनाक हो सकता है।शायद आपको ये सुनने में थोड़ा अजीब लगे, पर ये सच है।वैसे आज हम आपको इससे जुडी एक कहानी भी बताने वाले है। इस कहानी को पढ़ने के बाद आपको यकीन हो जाएगा कि ऐसा करना वास्तव में खतरनाक हो सकता है।

दरअसल ये सन 1919 की बात है, जी हां आपको जान कर हैरानी होगी कि सन 1919 में फ्लू से लगभग चार करोड़ लोग मारे जा चुके थे। इन बुरे हालातो के चलते एक डॉक्टर कई किसानों से मिलने खुद उनके घर गया। दरअसल डॉक्टर उन किसानो के घर इस आशा के साथ गया था, ताकि वो इस महामारी का इलाज ढूंढ सके, साथ ही वो ये भी जानना चाहता था, कि वो कैसे किसानो की इस महामारी से बचने में सहायता कर सकता है। आपको बता दे कि उस समय बहुत सारे किसान फ्लू से ग्रसित थे और मारे जा चुके थे। इसी दौरान वो डॉक्टर एक ऐसे किसान के सम्पर्क में आया जो इस भयंकर महामारी के चलते भी बिलकुल स्वस्थ था। केवल वही नहीं, बल्कि उस किसान का पूरा परिवार भी एकदम स्वस्थ था।

ऐसे में उस डॉक्टर को ये जानने की जिज्ञासा हुई, कि आखिर उस किसान ने सारे गांव से हट कर ऐसा क्या किया, जो वो और उसका परिवार इस महामारी में भी स्वस्थ है। फिर उस किसान की पत्नी ने बताया कि उसने अपने मकान के दोनों कमरों में एक प्लेट में बिना छिली हुई प्याज रख दी थी। इसके बाद जब डॉक्टर ने प्लेट में रखी इन प्याज में से एक को माइक्रोस्कोप से देखा तो उन्हें उस प्याज में घातक फ्लू के बैक्टीरिया मिले। जो यक़ीनन इन प्याज द्वारा अवशोषित कर लिए गए थे और शायद यही कारण था, कि पूरे गांव में महामारी होने के बावजूद भी यह परिवार बिलकुल स्वस्थ था। दरअसल फ्लू के वायरस इन प्याज द्वारा सोख लिए गए थे।

आपके लिए ये जानना बेहद जरुरी है, कि पहले काट कर रखी गयी प्याज विष के समान होती है। इसके इलावा जब कभी अस्पताल में कोई फ़ूड पोइसिनिंग का केस आता है, तो सबसे पहले मरीज से ये पूछा जाता है, कि उसने आखिरी बार प्याज कब खायी थी और वह प्याज कहा से आयी थी। ऐसे में इस बीमारी के लिए या तो प्याज दोषी होते है या फिर काफी समय पहले काटे गए आलू भी दोषी होते है। आपको बता दे कि प्याज बैक्टीरिया के लिए चुंबक की तरह काम करती है। खास करके कच्ची प्याज खतरनाक होती है। इसलिए आप गलती से भी कटी हुई प्याज को ज्यादा देर तक रखने की गलती न करे।

इसके इलावा इसे बंद थैली या फ्रिज में भी ज्यादा देर तक रखना सुरक्षित नहीं है। इसके साथ ही इस बात का ध्यान रखे कि एक दिन पहले काटी गयी प्याज को अगले दिन इस्तेमाल न करे, क्यूकि ये खतरनाक हो सकता है। आपको शायद मालूम न हो, कि कटी हुई प्याज एक रात में विषैली हो जाती है। वो इसलिए क्यूकि ये टॉक्सिक बैक्टीरिया बनाती है। जो कभी भी आपका पेट खराब कर सकती है। इसलिए हमेशा अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखे और प्याज का इस्तेमाल सम्भल कर करे।
***